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कैदी कविराय की कुण्डलियाँ

Author अटल बिहारी वाजपेयी
Digital Publisher LeafyReads
Language Hindi
Genre Poetry, Fiction

Summary

यहाँ 'कैदी कविराय की कुण्डलियाँ' का एक पैराग्राफ में सारांश दिया गया है, जिसे आप अपनी वेबसाइट पर उपयोग कर सकते हैं: 'कैदी कविराय की कुण्डलियाँ' भारत के पूर्व प्रधानमंत्री और ओजस्वी कवि अटल बिहारी वाजपेयी जी द्वारा रचित 70 कुण्डलियों का एक ऐतिहासिक काव्य संग्रह है। इसकी रचना उन्होंने 1975-1977 के आपातकाल के दौरान जेल में अपने 19 महीने के बंदी जीवन में 'कैदी कविराय' के छद्म नाम से की थी। यह पुस्तक किसी बंदी की हताशा या नैराश्य का प्रतीक नहीं है, बल्कि एक जूझते हुए योद्धा के अदम्य साहस, धैर्य और आत्मविश्वास का जयघोष है। इन कुण्डलियों के माध्यम से वाजपेयी जी ने तत्कालीन सत्ता की निरंकुशता, तानाशाही और राजनेताओं के सत्ता-मोह पर गहरा व्यंग्य करते हुए लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा की बात कही है। यह संग्रह इस बात का जीवंत प्रमाण है कि एक सच्चे देशभक्त और कवि की कलम को जेल की सलाखें भी कभी खामोश नहीं कर सकतीं।

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